विश्वविद्यालय के परीक्षा परिणाम पर ABVP का हल्ला बोल, 80% विद्यार्थियों के पूरक होने पर उठाए सवाल
रिपोर्टर बाबा खान धनपुरी
शहडोल। पंडित शंभूनाथ शुक्ला विश्वविद्यालय द्वारा घोषित प्रथम वर्ष के परीक्षा परिणामों में कथित अनियमितताओं को लेकर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) ने मोर्चा खोल दिया है। परिषद ने कुलगुरु को ज्ञापन सौंपकर परीक्षा परिणामों की निष्पक्ष जाँच, पुनर्मूल्यांकन और परीक्षा विभाग की कार्यप्रणाली की उच्चस्तरीय जाँच कराने की माँग की है। परिषद का दावा है कि विश्वविद्यालय एवं संबद्ध महाविद्यालयों के प्रथम वर्ष के लगभग 80 प्रतिशत विद्यार्थी पूरक (सप्लीमेंट्री/ATKT) घोषित किए गए हैं।
सात दिन में निर्णय लेने की माँग
विद्यार्थी परिषद ने ज्ञापन में कहा कि बड़ी संख्या में विद्यार्थियों के पूरक होने से उनके शैक्षणिक भविष्य, आर्थिक स्थिति और मानसिक तनाव पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। परिषद ने उत्तरपुस्तिकाओं के मूल्यांकन में पारदर्शिता सुनिश्चित करने तथा विषयवार प्राप्तांक और अंक विवरण उपलब्ध कराने की व्यवस्था बनाने की माँग की है।
कंप्यूटर साइंस के प्रश्नपत्र पर भी उठाए सवाल
परिषद ने कंप्यूटर साइंस मेजर प्रथम के प्रश्नपत्र के कथित रूप से पूरी तरह अंग्रेजी में होने पर आपत्ति जताई। साथ ही प्रश्नपत्र की भाषा, पाठ्यक्रम और मूल्यांकन प्रक्रिया की जाँच कर विद्यार्थियों को नियमानुसार राहत देने की माँग की।
पूरक परीक्षा शुल्क ₹600 करने की मांग
ज्ञापन में पूरक परीक्षा शुल्क ₹1,600 से घटाकर ₹600 करने, अनुपस्थित दर्शाए गए विद्यार्थियों के रिकॉर्ड का सत्यापन कर तीन दिवस के भीतर प्रमाणित त्रुटियों को सुधारने तथा संशोधित परीक्षा परिणाम जारी करने की माँग की गई है। परिषद ने परीक्षा विभाग की कार्यप्रणाली, अंक प्रविष्टि और परिणाम तैयार करने की प्रक्रिया की उच्चस्तरीय जाँच कराने की भी मांग रखी।
माँगें पूरी नहीं हुईं तो आंदोलन की चेतावनी
ABVP ने विश्वविद्यालय प्रशासन से सात दिवस के भीतर सभी माँगों पर ठोस निर्णय लेकर लिखित जानकारी देने की अपेक्षा की है। परिषद ने चेतावनी दी कि निर्धारित समय में संतोषजनक कार्रवाई नहीं होने पर लोकतांत्रिक एवं चरणबद्ध आंदोलन किया जाएगा। इसके तहत विश्वविद्यालय के मुख्य द्वार पर तालाबंदी कर विरोध प्रदर्शन करने की बात भी कही गई है।
ज्ञापन सौंपने के दौरान जिला संयोजक अमन त्रिपाठी, निधि पांडेय, गौरव मिश्रा, विक्रांत शर्मा, अमन यादव, जीतू यादव, अभिषेक यादव, खुशी सिंह, आंचल कोल सहित परिषद के कार्यकर्ता और विश्वविद्यालय के छात्र-छात्राएँ उपस्थित रहे।






































































