राष्ट्रीय एकता दिवस पर छात्राओं को कानून, साइबर सुरक्षा एवं आत्मरक्षा की दी गई महत्वपूर्ण जानकारी

---Advertisement---

शहडोल

जिले में युवाओं और बच्चों को जागरूक एवं सशक्त बनाने के उद्देश्य से चलाए जा रहे जन सुरक्षा युवा सर्जन संवाद कार्यक्रम के अंतर्गत आज थाना सोहागपुर की ऊर्जा डेस्क प्रभारी उप निरीक्षक नेहा उइके द्वारा शासकीय कन्या कस्तूरबा गांधी छात्रावास, शहडोल में एक भव्य जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम पुलिस अधीक्षक डॉ. संजय कुमार अग्रवाल के निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अभिषेक दीवान एवं महिला सुरक्षा शाखा की उप पुलिस अधीक्षक शिवाली चतुर्वेदी के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ।

कार्यक्रम में छात्रावास अधीक्षिका सुधा मिश्रा, शिक्षकगण तथा जिले के विशिष्ट अतिथि लाठी कोच प्रमोद विश्वकर्मा, बाल न्यायालय अधिवक्ता तरून्नुम खान एवं सिविल इंजीनियर अंकित गुप्ता विशेष रूप से उपस्थित रहे। कार्यक्रम में कक्षा 6वीं से 8वीं तक की लगभग 150 छात्राओं ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की।

इस अवसर पर छात्राओं को उनके मौलिक अधिकारों की विस्तृत जानकारी प्रदान की गई। साथ ही साइबर अपराधों से बचाव, सड़क सुरक्षा नियम, नवीन आपराधिक कानून, पोक्सो एक्ट, किशोर न्याय अधिनियम, बाल श्रम निषेध अधिनियम तथा बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत एवं सरल तरीके से जानकारी दी गई। वक्ताओं ने छात्राओं को कानून के प्रति जागरूक रहने, अपने अधिकारों को पहचानने तथा किसी भी प्रकार की समस्या होने पर पुलिस से निःसंकोच संपर्क करने के लिए प्रेरित किया।

राष्ट्रीय एकता दिवस के अवसर पर छात्राओं द्वारा रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों की शानदार प्रस्तुतियां भी दी गईं। लाठी एवं कराटे प्रदर्शन ने उपस्थित जनसमूह को रोमांचित कर दिया, वहीं स्वागत गीत, लोकनृत्य एवं अन्य सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने कार्यक्रम में चार चांद लगा दिए। छात्राओं की प्रतिभा, अनुशासन और आत्मविश्वास ने सभी अतिथियों का मन मोह लिया।

कार्यक्रम के दौरान छात्राओं ने कानून, सुरक्षा एवं शिक्षा से जुड़े विभिन्न प्रश्न पूछे, जिनका पुलिस अधिकारियों एवं उपस्थित विशेषज्ञों द्वारा सरल और संतोषजनक समाधान किया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य छात्राओं में आत्मविश्वास, जागरूकता एवं राष्ट्र निर्माण की भावना विकसित करना रहा।

पुलिस विभाग द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम की छात्राओं, शिक्षकों एवं अभिभावकों ने सराहना करते हुए इसे बालिकाओं के सर्वांगीण विकास और सुरक्षित भविष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल बताया। जिले में इस तरह के जागरूकता कार्यक्रम लगातार आयोजित किए जा रहे हैं, जिससे बच्चों और युवाओं को कानून, सुरक्षा एवं सामाजिक जिम्मेदारियों के प्रति जागरूक बनाया जा सके।

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment