मेडिकल कॉलेज में पहली बार गूंजे गणपति बप्पा के जयकारे
सात दिवसीय गणेशोत्सव का श्रद्धा के साथ समापन
मनेन्द्रगढ़। शासकीय मेडिकल कॉलेज मनेन्द्रगढ़ एवं सिविल अस्पताल परिसर में इस वर्ष गणेश चतुर्थी के अवसर पर भगवान श्री गणेश की प्रतिमा स्थापित कर धार्मिक और सांस्कृतिक परंपरा की शुरुआत की गई। सिविल अस्पताल और नवस्थापित मेडिकल कॉलेज के संयुक्त तत्वावधान में गणपति बप्पा की प्रतिमा की स्थापना गणेश चतुर्थी के दिन वैदिक मंत्रोच्चारण एवं विधिविधान के साथ की गई
सात दिनों तक चले गणेशोत्सव के दौरान पूरे परिसर में भक्ति और उल्लास का माहौल बना रहा। प्रतिदिन मेडिकल कॉलेज एवं सिविल अस्पताल के चिकित्सकों, नर्सिंग स्टाफ, कर्मचारियों और विद्यार्थियों द्वारा भगवान श्री गणेश की पूजा अर्चना, आरती और हवन किया गया। खास बात यह रही कि मेडिकल कॉलेज के नवप्रवेशी छात्र छात्राओं ने भी उत्साहपूर्वक आयोजन में सहभागिता निभाई।
गणेशोत्सव के सातवें दिन भगवान श्री गणेश की विशेष पूजा अर्चना की गई। इस दौरान अस्पताल एवं मेडिकल कॉलेज के स्टाफ के साथ नवप्रवेशी विद्यार्थियों ने श्रद्धा और उत्साह के साथ गणपति बप्पा की आराधना की। पूजा अर्चना के बाद भगवान श्री गणेश की प्रतिमा को विसर्जन के लिये ले जाया गया
विसर्जन यात्रा के दौरान परिसर में “एक, दो, तीन, चार, गणेश जी की जय-जयकार” और “गणपति बप्पा मोरया, अगले बरस तू जल्दी आ” के जयघोष गूंजते रहे। चिकित्सकों, कर्मचारियों और विद्यार्थियों ने उत्साह के साथ गणपति बप्पा को विदाई दी
आयोजकों ने बताया कि मेडिकल कॉलेज एवं सिविल अस्पताल में पहली बार आयोजित गणेशोत्सव ने चिकित्सकों, कर्मचारियों और विद्यार्थियों को एक साथ जोड़ने का कार्य किया। आयोजन के माध्यम से आपसी सहभागिता, सद्भाव और सकारात्मक ऊर्जा का संदेश भी दिया गया। नवप्रवेशी विद्यार्थियों के लिये यह आयोजन कॉलेज जीवन की शुरुआत के साथ जुड़ी एक यादगार अनुभूति बन गया। सात दिनों तक चले इस धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजन का समापन भगवान श्री गणेश की प्रतिमा के विधिवत विसर्जन के साथ श्रद्धा और उल्लासपूर्ण वातावरण में हुआ


































































