हरद रेलवे स्टेशन पर ट्रेनों के ठहराव और ओवरब्रिज की मांग तेज, हजारों यात्रियों की सुविधा के लिए रेल प्रशासन को सौंपा ज्ञापन
अनूपपुर। हरद रेलवे स्टेशन पर कोरोना काल के दौरान बंद किए गए ट्रेनों के ठहराव को पुनः शुरू कराने तथा स्टेशन के समीप स्थित अंडरब्रिज क्रमांक 892/12 की जर्जर स्थिति का स्थायी समाधान कराने की मांग अब तेज हो गई है। क्षेत्रवासियों ने दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे, बिलासपुर मंडल के मंडल रेल प्रबंधक के नाम ज्ञापन सौंपकर जनहित में शीघ्र कार्रवाई की मांग की है।
ज्ञापन में बताया गया है कि हरद रेलवे स्टेशन से लगभग 15 ग्राम पंचायतों तथा पसान नगर पालिका क्षेत्र के हजारों लोग प्रत्यक्ष रूप से जुड़े हुए हैं। यह क्षेत्र कोयला उत्पादन का प्रमुख केंद्र होने के कारण यहां से प्रतिदिन बड़ी संख्या में विद्यार्थी, मरीज, व्यापारी, कर्मचारी और आम नागरिक अनूपपुर, शहडोल, रीवा तथा बिलासपुर की यात्रा करते हैं। बावजूद इसके, कोरोना काल के बाद कई महत्वपूर्ण ट्रेनों का ठहराव समाप्त होने से यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
क्षेत्रवासियों का कहना है कि वर्तमान में हरद स्टेशन पर ट्रेनों के संचालन में लंबे अंतराल के कारण लोगों को अनूपपुर स्टेशन तक अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ती है। कई बार यात्रियों को घंटों ट्रेन का इंतजार करना पड़ता है, जबकि अनेक लोग मजबूरी में निजी वाहनों या महंगे परिवहन साधनों का सहारा लेने को विवश हैं। इससे समय और आर्थिक दोनों प्रकार का नुकसान हो रहा है।
ज्ञापन में रीवा–चिरमिरी (11751/11752), चिरमिरी–बिलासपुर (18257/18258) तथा शहडोल एक्सप्रेस (18756) का हरद रेलवे स्टेशन पर नियमित ठहराव शुरू करने की मांग प्रमुखता से उठाई गई है। लोगों का कहना है कि इन ट्रेनों के रुकने से क्षेत्र के हजारों यात्रियों को सीधा लाभ मिलेगा और रेल यात्रा अधिक सुगम हो सकेगी।
ज्ञापन में स्टेशन के समीप स्थित अंडरब्रिज क्रमांक 892/12 की जर्जर स्थिति का भी उल्लेख किया गया है। क्षेत्रवासियों के अनुसार बरसात के दौरान इस अंडरब्रिज में सात से आठ माह तक पानी भरा रहता है, जिससे आवागमन पूरी तरह बाधित हो जाता है। ऐसी स्थिति में बुजुर्ग, महिलाएं, स्कूली बच्चे और अन्य राहगीर जान जोखिम में डालकर रेलवे ट्रैक पार करने को मजबूर होते हैं, जिससे दुर्घटनाओं की आशंका लगातार बनी रहती है।
क्षेत्रवासियों ने मांग की है कि अंडरब्रिज की स्थायी मरम्मत कराई जाए या वहां नया ओवरब्रिज बनाया जाए, ताकि वर्षभर सुरक्षित आवागमन सुनिश्चित हो सके। उन्होंने रेल प्रशासन से जनहित को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए ट्रेनों का ठहराव शीघ्र बहाल करने तथा अंडरब्रिज की समस्या का स्थायी समाधान करने की अपील की है। लोगों का कहना है कि इन मांगों के पूरा होने से क्षेत्र की यातायात व्यवस्था में सुधार होगा और हजारों यात्रियों को प्रतिदिन होने वाली परेशानियों से राहत मिलेगी।




































