- पुलिस की छापामार कार्रवाई के बाद भी नहीं थम रही मादक पदार्थों की बिक्री, आखिर कब लगेगा इस अवैध कारोबार पर अंकुश
*कोतमा।* नगर के वार्ड क्रमांक 7 स्थित LIC ऑफिस के पीछे कथित रूप से गांजे की अवैध बिक्री का कारोबार लगातार जारी रहने की शिकायतें सामने आ रही हैं। स्थानीय लोगों के बीच इस बात को लेकर चिंता बनी हुई है कि पुलिस द्वारा पूर्व में छापामार कार्रवाई किए जाने के बावजूद आखिरकार मादक पदार्थों की बिक्री पर पूरी तरह रोक क्यों नहीं लग पा रही है।
स्थानीय स्तर पर मिल रही शिकायतों के अनुसार, क्षेत्र में कथित तौर पर एक महिला के माध्यम से गांजे की बिक्री किए जाने की बात कही जा रही है। यदि इन शिकायतों में सच्चाई है तो यह निश्चित रूप से गंभीर मामला है, जिस पर पुलिस प्रशासन को तत्काल संज्ञान लेकर निष्पक्ष जांच करनी चाहिए।
बताया जा रहा है कि पूर्व में पुलिस द्वारा कार्रवाई किए जाने के बावजूद कथित विक्रेताओं के हौसले कम नहीं हुए हैं। ऐसे में सवाल उठता है कि क्या कार्रवाई केवल छापेमारी तक सीमित रह जाएगी या इस अवैध कारोबार के पूरे नेटवर्क की भी जांच होगी?
- आखिर कब जागेगा जिम्मेदार महकमा?
नगरवासियों का कहना है कि रिहायशी इलाकों के आसपास इस तरह की गतिविधियों की शिकायतें सामने आना चिंता का विषय है। मादक पदार्थों का अवैध कारोबार युवाओं के भविष्य और सामाजिक वातावरण पर प्रतिकूल प्रभाव डाल सकता है। ऐसे में पुलिस प्रशासन को केवल शिकायत मिलने पर कार्रवाई करने के बजाय नियमित निगरानी और सूचना तंत्र को भी मजबूत करना चाहिए।
- पुलिस प्रशासन से निष्पक्ष जांच की मांग
वार्ड क्रमांक 7 के LIC ऑफिस के पीछे गांजे की कथित बिक्री के मामले में पुलिस प्रशासन से मांग है कि शिकायतों की गंभीरता से जांच की जाए। यदि कोई व्यक्ति इस अवैध कारोबार में संलिप्त पाया जाता है तो उसके विरुद्ध नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाए। साथ ही पूर्व में हुई कार्रवाई के बाद भी गतिविधियां जारी रहने के कारणों का पता लगाया जाए।
अब देखना यह है कि कोतमा पुलिस इस मामले को कितनी गंभीरता से लेती है और वार्ड क्रमांक 7 में कथित मादक पदार्थों के कारोबार पर कब तक प्रभावी अंकुश लग पाता है।






































































