विश्व हृदय दिवस पर एसईसीएल मुख्यालय में हृदय स्वास्थ्य जागरूकता वेबिनार
विशेषज्ञों ने बताया—समय पर जांच, संतुलित आहार और नियमित व्यायाम से हृदय रोगों के जोखिम को कम किया जा सकता है
बिलासपुर। विश्व हृदय दिवस के अवसर पर 29 सितंबर को साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (एसईसीएल) के चिकित्सा विभाग द्वारा मुख्यालय स्थित सीएमडी कॉन्फ्रेंस हॉल में हृदय स्वास्थ्य जागरूकता वेबिनार का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य अधिकारियों, कर्मचारियों और चिकित्सकों को हृदय रोगों की रोकथाम, जोखिम कारकों तथा शुरुआती लक्षणों के प्रति जागरूक करना रहा।
कार्यक्रम में एसईसीएल के अध्यक्ष सह प्रबंध निदेशक हरीश दुहन, मुख्य सतर्कता अधिकारी हिमांशु जैन तथा निदेशक (तकनीकी-संचालन) रमेश चंद्र महापात्र उपस्थित रहे। इसके अलावा मुख्यालय के विभिन्न विभागों के विभागाध्यक्ष, अधिकारी एवं कर्मचारी तथा एसईसीएल के विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े चिकित्सक शामिल हुए। मुख्य चिकित्सा सेवाएं अधिकारी डॉ. श्रुतिदेव मिश्रा भी कार्यक्रम में मौजूद रहे।
‘शीघ्र पहचान और रोकथाम’ पर विशेषज्ञ व्याख्यान
वेबिनार में ‘हृदय रोगों की रोकथाम एवं शीघ्र पहचान’ विषय पर अपोलो हॉस्पिटल्स, जुबली हिल्स, हैदराबाद के विशेषज्ञ चिकित्सक डॉ. पी. सी. रथ ने व्याख्यान दिया। उन्होंने हृदय रोगों से जुड़े प्रमुख जोखिम कारकों, शुरुआती लक्षणों और समय रहते चिकित्सकीय परामर्श लेने के महत्व की जानकारी दी।
डॉ. रथ ने कहा कि हृदय को स्वस्थ रखने के लिए जीवनशैली में सुधार बेहद महत्वपूर्ण है। संतुलित एवं पौष्टिक आहार, नियमित शारीरिक गतिविधि, तनाव का प्रभावी प्रबंधन तथा समय-समय पर स्वास्थ्य जांच हृदय रोगों की रोकथाम में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने लोगों से हृदय संबंधी किसी भी असामान्य लक्षण को नजरअंदाज न करने और आवश्यकता पड़ने पर तत्काल चिकित्सकीय सलाह लेने की अपील की।
ऑनलाइन माध्यम से भी जुड़े चिकित्सक और कर्मचारी
कार्यक्रम में एसईसीएल के विभिन्न क्षेत्रों में पदस्थ चिकित्सकों एवं कर्मचारियों ने ऑनलाइन माध्यम से सहभागिता की। इससे मुख्यालय के साथ-साथ कंपनी के विभिन्न कार्यक्षेत्रों में कार्यरत कर्मियों को भी विशेषज्ञ चिकित्सक से हृदय स्वास्थ्य संबंधी जानकारी प्राप्त करने का अवसर मिला।
कार्यक्रम का संचालन डॉ. ए. एस. जैन ने किया। वेबिनार के माध्यम से एसईसीएल ने कार्यस्थल पर स्वास्थ्य जागरूकता को बढ़ावा देने तथा कर्मचारियों को हृदय रोगों के प्रति सतर्क रहने का संदेश दिया।


































































