सीसीएल का शिकायत निवारण शिविर बना कर्मचारियों के लिए राहत का मंच
हजारीबाग क्षेत्र में 27 शिकायतें दर्ज, अनुकंपा नियुक्ति, पीएफ, पेंशन और आवास संबंधी मामलों के शीघ्र समाधान का भरोसा

हजारीबाग, 22 जुलाई। सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड (सीसीएल) ने कर्मचारियों और हितधारकों की समस्याओं के त्वरित समाधान की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए हजारीबाग क्षेत्र में शिकायत निवारण शिविर का सफल आयोजन किया। निदेशालय (मानव संसाधन प्रबंधन) के तत्वावधान में आयोजित इस शिविर का उद्देश्य कर्मचारियों की शिकायतों का पारदर्शी, प्रभावी और समयबद्ध तरीके से निराकरण सुनिश्चित करना था।
शिविर की अध्यक्षता हजारीबाग क्षेत्र की महाप्रबंधक (मानव संसाधन/समाधान प्रकोष्ठ) सुमन रस्तोगी ने की। इस अवसर पर सीसीएल मुख्यालय से मुख्य प्रबंधक (समाधान प्रकोष्ठ) तेजविंदर सिंह, स्टाफ अधिकारी (मानव संसाधन) नीलाम्बरा मालिक, उप प्रबंधक (मानव संसाधन) निशांत कुमार परमार, मानव संसाधन विभाग के अधिकारी, सिविल विभाग के अधिकारी तथा विभिन्न श्रमिक संगठनों के प्रतिनिधि भी उपस्थित रहे।
सुबह 11 बजे से शाम 4 बजे तक चले इस शिविर में कर्मचारियों एवं हितधारकों ने बड़ी संख्या में अपनी समस्याएं अधिकारियों के समक्ष रखीं। शिविर के दौरान कुल 27 शिकायतों का पंजीकरण किया गया। इनमें सबसे अधिक मामले अनुकंपा नियुक्ति, आवास (क्वार्टर) के रखरखाव, भविष्य निधि (पीएफ), पेंशन भुगतान, सीएमपीएफ से संबंधित ऑनलाइन डाटा अपडेट तथा अन्य सेवा संबंधी समस्याओं से जुड़े रहे।
शिविर में उपस्थित अधिकारियों ने शिकायतकर्ताओं की समस्याओं को गंभीरता से सुना और कई मामलों में मौके पर ही आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराते हुए समाधान भी किया। जिन मामलों का तत्काल निराकरण संभव नहीं था, उन्हें नियमानुसार दर्ज कर संबंधित विभागों को शीघ्र कार्रवाई के लिए भेजा गया। सीसीएल प्रबंधन ने आश्वस्त किया कि सभी लंबित शिकायतों का निर्धारित प्रक्रिया के तहत समयबद्ध एवं निष्पक्ष तरीके से निस्तारण किया जाएगा।
कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों ने कर्मचारियों को विभिन्न सेवा संबंधी प्रक्रियाओं, ऑनलाइन सुविधाओं तथा सीएमपीएफ से जुड़े दस्तावेजों के अद्यतन की जानकारी भी दी। इससे कर्मचारियों को अपनी समस्याओं के समाधान की प्रक्रिया समझने और आवश्यक औपचारिकताएं पूरी करने में सहायता मिली।
सीसीएल प्रबंधन का कहना है कि इस प्रकार के शिकायत निवारण शिविर कर्मचारियों और प्रबंधन के बीच संवाद को मजबूत करने का प्रभावी माध्यम हैं। इससे न केवल कर्मचारियों की समस्याओं का त्वरित समाधान संभव होता है, बल्कि प्रशासनिक व्यवस्था में पारदर्शिता और जवाबदेही भी बढ़ती है।
सीसीएल ने दोहराया कि कर्मचारियों और हितधारकों के हितों की रक्षा, उनकी समस्याओं का समयबद्ध निराकरण तथा संवेदनशील और उत्तरदायी प्रशासन उपलब्ध कराना कंपनी की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। ऐसे शिविर भविष्य में भी नियमित रूप से आयोजित किए जाएंगे, ताकि कर्मचारियों को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए मुख्यालय के चक्कर न लगाने पड़ें और उन्हें स्थानीय स्तर पर ही त्वरित राहत मिल सके।




























































