बरतुंगा में मुख्य मार्ग बंद करने का फैसला बना सुरक्षा पर बड़ा सवाल, एसईसीएल, भाजपा सरकार और स्थानीय प्रशासन दें जवाब – अशोक श्रीवास्तव
बरतुंगा में लड़की के साथ कथित गैंगरेप और जलाने की कोशिश की घटना से सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल
एमसीबी। चिरमिरी के बरतुंगा क्षेत्र में एसईसीएल द्वारा मुख्य मार्ग को बिना पर्याप्त वैकल्पिक व्यवस्था किये बंद किये जाने के फैसले ने अब क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिये हैं। जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अशोक श्रीवास्तव ने बरतुंगा जंगल क्षेत्र में महिला के साथ सामने आई कथित गैंगरेप की घटना पर गहरी चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि जनता की सुरक्षा को नजरअंदाज कर लिये गये फैसलों की जवाबदेही तय होनी चाहिये। उन्होंने कहा कि स्थानीय नागरिक लगातार मांग कर रहे थे कि पुराने मुख्य मार्ग को तब तक बंद ना किया जाये जब तक वैकल्पिक मार्ग पूरी तरह तैयार, सुरक्षित और आवागमन के लिये सुविधाजनक ना हो जाये।
जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अशोक श्रीवास्तव ने पूर्व में भी स्पष्ट रूप से कहा था कि जनता को असुरक्षित और सुनसान रास्तों पर जाने के लिये मजबूर करना उचित नहीं है। इसके बावजूद एसईसीएल द्वारा मुख्य मार्ग को बंद कर दिया गया। अशोक श्रीवास्तव ने कहा कि आज बरतुंगा जंगल में महिला के साथ कथित दुष्कर्म और उसके बाद उसे जलाने की कोशिश की घटना सामने आना बेहद गंभीर है। यह घटना कानून व्यवस्था के साथ साथ उस पूरे क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े करती है। ऐसे सुनसान और असुरक्षित रास्तों को लेकर स्थानीय लोगों की आशंकाओं को यदि समय रहते गंभीरता से लिया जाता तो परिस्थितियां अलग हो सकती थीं। उन्होंने कहा कि एसईसीएल केवल अपनी सुविधा और तकनीकी प्रक्रिया को आधार बनाकर जनता की सुरक्षा की जिम्मेदारी से बच नहीं सकता। भाजपा सरकार को भी यह बताना होगा कि आम नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिये उसने क्या कदम उठाये वहीं स्थानीय प्रशासन ने जनता की आपत्तियों और सुरक्षा संबंधी आशंकाओं को गंभीरता से क्यों नहीं लिया?
जिला कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि एसईसीएल, भाजपा सरकार और स्थानीय प्रशासन तीनों इस मामले में जनता के प्रति जवाबदेह हैं। मुख्य मार्ग बंद करने से पहले वैकल्पिक मार्ग की सुरक्षा, प्रकाश व्यवस्था, पुलिस गश्त और आपातकालीन आवागमन जैसी व्यवस्थाओं का समुचित परीक्षण किया जाना चाहिये था। उन्होंने मांग की कि बरतुंगा क्षेत्र में तत्काल सुरक्षा व्यवस्था मजबूत की जाये, वैकल्पिक मार्ग का सुरक्षा ऑडिट कराया जाये, पर्याप्त स्ट्रीट लाइट और पुलिस गश्त की व्यवस्था की जाये तथा मुख्य मार्ग बंद करने के निर्णय की समीक्षा की जाये साथ ही महिला के साथ हुई कथित घटना की निष्पक्ष और त्वरित जांच कर आरोपियों को कठोरतम कार्यवाही के दायरे में लाया जाये।
अशोक श्रीवास्तव ने कहा कि जनता की सुरक्षा से बड़ा कोई खनन कार्य, कोई परियोजना और कोई प्रशासनिक निर्णय नहीं हो सकता। यदि जनता की सुरक्षा को लेकर उठाई गई गंभीर आपत्तियों की अनदेखी की गई है तो इसकी जिम्मेदारी तय करना आवश्यक है। कांग्रेस पार्टी जनता की सुरक्षा और अधिकारों के लिये हर स्तर पर आवाज उठाती रहेगी।




































