- वाटरशेड परियोजना से जल संरक्षण को बढ़ावा, रबी एवं जायद की फसलों के उत्पादन की बढ़ीं संभावनाएं
अनूपपुर 15 अक्टूबर 2026/ कृषि ग्रामीण अर्थव्यवस्था का प्रमुख आधार है। किसानों की आय बढ़ाने और कृषि उत्पादन को बेहतर बनाने में सिंचाई के लिए पानी की उपलब्धता महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। इसी उद्देश्य से प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना 2.0 के अंतर्गत परियोजना क्रमांक-02 में जनपद पंचायत पुष्पराजगढ़ के विभिन्न क्षेत्रों में जल संरक्षण एवं संवर्धन के लिए अमृत सरोवर, जल संवर्धन तालाब, खेत तालाब और चेकडैम जैसी संरचनाओं का निर्माण किया गया है। इन संरचनाओं के माध्यम से वर्षा जल का संरक्षण कर सिंचाई सुविधाओं के विस्तार और कृषि उत्पादन को बढ़ावा दिया जा रहा है।
ग्राम पंचायत बम्हनी के कृषक श्री संतोष सिंह, पिता श्री भैया लाल सिंह के पास कृषि भूमि होने के बावजूद सिंचाई की पर्याप्त व्यवस्था नहीं थी। इस कारण वे मुख्य रूप से खरीफ मौसम में धान, मक्का और कोदो की खेती करते थे। सीमित फसल उत्पादन के कारण परिवार की आवश्यकताओं को पूरा करने में कठिनाई होती थी। कई बार आर्थिक जरूरतों के लिए उन्हें आसपास के लोगों से कर्ज भी लेना पड़ता था। इसके बावजूद उन्होंने खेती को बेहतर बनाने और कृषि से अधिक लाभ अर्जित करने के अवसर तलाशना जारी रखा।
गांव में वाटरशेड परियोजना प्रारंभ होने की जानकारी मिलने पर श्री संतोष सिंह ने परियोजना की बैठकों में भाग लेना शुरू किया। इन बैठकों के माध्यम से उन्हें जल संरक्षण, सिंचाई प्रबंधन और उन्नत कृषि पद्धतियों की जानकारी मिली। साथ ही, किसान उत्पादक संगठन (एफपीओ) के माध्यम से कृषि संबंधी तकनीकी जानकारी, विशेषज्ञों के मार्गदर्शन और सामूहिक प्रयासों के महत्व को समझने का अवसर मिला। इससे उन्हें खेती को केवल खरीफ मौसम तक सीमित न रखते हुए रबी एवं जायद की फसलों के उत्पादन की संभावनाओं को समझने में मदद मिली।
प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना 2.0 के अंतर्गत निर्मित जल संरक्षण संरचनाएं क्षेत्र में सिंचाई सुविधाओं के विस्तार में सहायक बन रही हैं। इनके माध्यम से किसान रबी एवं जायद की फसलों का उत्पादन करने तथा खरीफ फसलों का रकबा बढ़ाने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। क्षेत्र में भूजल स्तर में भी वृद्धि महसूस की जा रही है। इन प्रयासों से कृषि भूमि की उपयोगिता बढ़ाने और उपलब्ध जल संसाधनों का बेहतर उपयोग करने के अवसर मिल रहे हैं।
कृषक श्री संतोष सिंह ने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में संचालित प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना 2.0 के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि जल संरक्षण और सिंचाई सुविधाओं के विस्तार से किसानों को खेती के बेहतर अवसर मिल रहे हैं। उन्होंने आशा व्यक्त की कि इन प्रयासों से कृषि उत्पादन बढ़ाने और किसानों की आजीविका को मजबूत बनाने में मदद मिलेगी।







































































