ऑपरेशन मुस्कान में बड़ी सफलता: तेलंगाना से सकुशल बरामद हुई 15 वर्षीय नाबालिग, अपहरणकर्ता गिरफ्तार
कोतवाली अनूपपुर पुलिस ने 11 दिन की सतत तलाश के बाद नाबालिग को परिजनों से मिलाया, शादी का झांसा देकर भगाने वाला युवक गिरफ्तार

अनूपपुर।
मध्यप्रदेश पुलिस के विशेष अभियान “ऑपरेशन मुस्कान” के तहत अनूपपुर पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। कोतवाली अनूपपुर पुलिस ने 15 वर्षीय गुमशुदा नाबालिग बालिका को तेलंगाना राज्य से सकुशल बरामद कर परिजनों के सुपुर्द कर दिया है। मामले में नाबालिग को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले जाने वाले आरोपी को भी गिरफ्तार कर लिया गया है।
पुलिस मुख्यालय भोपाल द्वारा प्रदेशभर में नाबालिग बालिकाओं की तलाश और दस्तयाबी के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान “ऑपरेशन मुस्कान” के अंतर्गत यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक मोती उर रहमान के निर्देशन में की गई। अभियान की मॉनिटरिंग अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक जगन्नाथ मरकाम और एसडीओपी नवीन तिवारी के मार्गदर्शन में की गई।
जानकारी के अनुसार 19 अप्रैल 2026 को कोतवाली थाना क्षेत्र की 15 वर्षीय नाबालिग बालिका अचानक घर से बिना बताए लापता हो गई थी। काफी तलाश के बाद भी जब उसका पता नहीं चला, तब परिजनों की शिकायत पर कोतवाली अनूपपुर में अपराध क्रमांक 231/26 धारा 137(2) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
मामले की गंभीरता को देखते हुए थाना प्रभारी अरविंद जैन के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई। टीम में सहायक उपनिरीक्षक सतानंद कोल, प्रधान आरक्षक महेंद्र सिंह, आरक्षक दीपक बुंदेला, महिला आरक्षक कुंती शर्मा तथा साइबर सेल अनूपपुर से प्रधान आरक्षक राजेंद्र अहिरवार और आरक्षक पंकज मिश्रा को शामिल किया गया।
पुलिस टीम ने तकनीकी साक्ष्यों, साइबर इनपुट और लगातार पतासाजी के आधार पर नाबालिग की लोकेशन तेलंगाना राज्य के रंगारेड्डी जिले में ट्रेस की। इसके बाद पुलिस टीम ने तत्काल तेलंगाना रवाना होकर थाना सादनगर क्षेत्र अंतर्गत फारूखनगर में दबिश दी और वहां से नाबालिग बालिका को सकुशल बरामद कर लिया।
पुलिस जांच में सामने आया कि अनूपपुर जिले के ग्राम सकरा निवासी 20 वर्षीय गणेश सारथी, जो तेलंगाना में मजदूरी करता है, नाबालिग को शादी का झांसा देकर बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया था। पुलिस ने आरोपी को नाबालिग के साथ रंगारेड्डी जिले से गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस द्वारा नाबालिग को सकुशल दस्तयाब कर विधिसम्मत कार्रवाई के बाद परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया है। वहीं आरोपी गणेश सारथी को गिरफ्तार कर न्यायालय में प्रस्तुत किया गया, जहां से उसे न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया।
अनूपपुर पुलिस की इस त्वरित और प्रभावी कार्रवाई से न केवल एक नाबालिग बालिका को सुरक्षित उसके परिवार तक पहुंचाया जा सका, बल्कि “ऑपरेशन मुस्कान” के तहत पुलिस की संवेदनशीलता, तत्परता और तकनीकी दक्षता भी एक बार फिर सामने आई है। फिलहाल पुलिस मामले की विस्तृत विवेचना में जुटी है।














































