- प्राथमिक शाला बैगापारा नौढ़िया में कन्या भोजन सह न्योता भोज का आयोजन, बच्चों को भोजन के साथ शैक्षणिक सामग्री भेंट कर बढ़ाया उत्साह
जनकपुर। नवरात्रि के पावन अवसर पर कन्या पूजन और भोजन के धार्मिक महत्व को सामाजिक सरोकारों से जोड़ते हुए प्राथमिक शाला बैगापारा नौढ़िया में कन्या भोजन सह न्योता भोज का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में कन्याओं के साथ विद्यालय के सभी बच्चों को स्नेहपूर्वक भोजन कराया गया। इस दौरान बच्चों को भोजन कराने के साथ शैक्षणिक सामग्री भेंट कर उन्हें पढ़ाई के प्रति प्रोत्साहित करने की सराहनीय पहल की गई।
कार्यक्रम के दौरान बच्चों को खीर, पूरी, दाल, चावल और केला परोसा गया। भोजन के बाद बच्चों को उपहार स्वरूप पेन, पेंसिल, शार्पनर, इरेज़र और कॉपियां प्रदान की गईं। इस पहल से बच्चों के चेहरे पर खुशी देखने को मिली। धार्मिक परंपरा के साथ शिक्षा और सामाजिक समरसता का संदेश देने वाले इस आयोजन ने सभी का ध्यान आकर्षित किया।
इस अवसर पर विधात्री सिंह ने कहा कि यदि कन्या भोज की शुरुआत गरीब और जरूरतमंद बच्चों से की जाये तो यह अपने आप में एक अद्भुत पहल है। धार्मिक आयोजनों का वास्तविक उद्देश्य केवल परंपराओं का निर्वहन करना नहीं बल्कि समाज के जरूरतमंद वर्गों के साथ खुशियां साझा करना और उनके जीवन में सकारात्मकता लाना भी है। जब ऐसे आयोजनों में गरीब बच्चों को प्राथमिकता दी जाती है तो इससे सेवा, समानता और मानवीय संवेदनाओं का भाव मजबूत होता है।
उन्होंने कहा कि बच्चों को भोजन कराने के साथ उन्हें शैक्षणिक सामग्री उपलब्ध कराना भी महत्वपूर्ण है। पेन, पेंसिल और कॉपी जैसी छोटी छोटी वस्तुएं बच्चों की पढ़ाई में उपयोगी होती हैं और उन्हें आगे बढ़ने के लिये प्रोत्साहित करती हैं। समाज के सक्षम लोगों को चाहिये कि वे त्योहारों और विशेष अवसरों पर जरूरतमंद बच्चों के साथ अपनी खुशियां साझा करें ताकि प्रत्येक बच्चे को अपनापन और सम्मान मिल सके।
कन्या भोजन सह न्योता भोज का यह आयोजन धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक जिम्मेदारी का संदेश देने वाला रहा। इस तरह की पहल से बच्चों के बीच समानता, सहयोग और आपसी सद्भाव की भावना विकसित होती है साथ ही समाज में यह प्रेरणा मिलती है कि त्योहारों की खुशियां केवल अपने तक सीमित ना रखकर जरूरतमंदों के साथ भी बांटी जाये।






































































