वार्ड नंबर 6 और 10 के लोग वर्षों से कीचड़-गंदगी के बीच जीने को मजबूर, जनपद पंचायत अनूपपुर पर उठे सवाल
जनपद पंचायत अनूपपुर के अंतर्गत आने वाली ग्राम पंचायत बेलिया बड़ी के वार्ड नंबर 10 और वार्ड नंबर 6 के निवासी लंबे समय से खुले नाले की दुर्गंध, गंदगी और जलभराव से जूझ रहे हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार, यह समस्या सालों पुरानी है, लेकिन जनप्रतिनिधियों और प्रशासन ने इस ओर अब तक गंभीरता से ध्यान नहीं दिया है।
ग्रामीणों ने बताया कि नाले का पानी घरों के पास ही जमा हो जाता है, जिससे कीचड़ और मलिनता फैलती रहती है। गर्मियों में तो दुर्गंध इतनी बढ़ जाती है कि सांस लेना मुश्किल हो जाता है। बरसात के मौसम में तो हालात और बिगड़ जाते हैं – पानी भरने से आवागमन ठप हो जाता है और बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है।
“हम वर्षों से इसी दुर्गंध के बीच जी रहे हैं। यहाँ छोटे बच्चे और बुजुर्ग बीमार पड़ रहे हैं, लेकिन पंचायत ने कोई कार्रवाई नहीं की। पंचायत के लोग तो अपनी झोली भरने में मस्त हैं। शासन-प्रशासन बड़ी महामारी का इंतज़ार कर रहा है,” एक स्थानीय
ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने कई बार ग्राम पंचायत, जनपद पंचायत और यहाँ तक कि ब्लॉक स्तर के अधिकारियों से शिकायत की, लेकिन हर बार उन्हें टालमटोल या उदासीनता हाथ लगी। आसपास के अन्य वार्डों की तुलना में वार्ड 6 और 10 की दशा अधिक खराब बताई जा रही है।
जनपद पंचायत अनूपपुर के संबंधित अधिकारियों से जब इस संबंध में बात करने की कोशिश की गई, तो उनकी ओर से कोई औपचारिक प्रतिक्रिया नहीं आ सकी। हालाँकि, स्थानीय ग्रामीण का मानना है कि यदि प्रशासन ने त्वरित कदम नहीं उठाया, तो यह क्षेत्र बीमारियों का गढ़ बन सकता है।
ग्रामीणों ने जिला प्रशासन और जनपद पंचायत सीईओ से माँग की है कि मौके पर जाकर निरीक्षण करें, नालों की सफाई और उचित निकासी की व्यवस्था करें, ताकि इस क्षेत्र को दुर्गंध और गंदगी के चंगुल से मुक्ति दिलाई जा सके। तब तक, बेलिया बड़ी के ये दो वार्ड ग्रामीणों के लिए जीने का दंश बने हुए हैं सूत्रों का कहना है कि यह दोनों वार्डो में नाली निर्माण की स्वीकृति हो चुकी है लेकिन पंचायत और जनपद स्तर के अधिकारियों द्वारा कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि इस दुर्गंध से वार्ड वासी में बीमारियों की समस्या बनी रहेगी जिसकी भरपाई ग्रामीणों को झेलनी पड़ेगी

















