एटक छत्तीसगढ़ का छठवां राज्य सम्मेलन संपन्न
अजय विश्वकर्मा सर्वसम्मति से बने राज्य अध्यक्ष, मजदूर अधिकारों की लड़ाई को तेज करने का संकल्प

दल्ली राजहरा, 5 अप्रैल। ऑल इंडिया ट्रेड यूनियन कांग्रेस (एटक) छत्तीसगढ़ राज्य का छठवां राज्य सम्मेलन 4 और 5 अप्रैल को दल्ली राजहरा में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। सम्मेलन में देशभर से आए श्रमिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया और मजदूरों से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर विस्तृत चर्चा की गई। इस अवसर पर एटक की राष्ट्रीय महासचिव अमरजीत कौर मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं और उन्होंने श्रमिक आंदोलन को मजबूत करने का आह्वान किया।
सम्मेलन के दौरान सर्वसम्मति से का. अजय विश्वकर्मा को एटक छत्तीसगढ़ राज्य का अध्यक्ष निर्वाचित किया गया। उनके अध्यक्ष चुने जाने पर सम्मेलन में उपस्थित प्रतिनिधियों ने जोरदार स्वागत करते हुए उन्हें बधाई दी।
अपने उद्बोधन में नवनिर्वाचित अध्यक्ष का. अजय विश्वकर्मा ने कहा कि छत्तीसगढ़ में असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों की स्थिति बेहद चिंताजनक बनी हुई है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में लाखों मजदूर ऐसे हैं जिन्हें पर्याप्त वेतन, निश्चित कार्य समय, स्वास्थ्य सुविधाएं और सामाजिक सुरक्षा जैसी मूलभूत सुविधाएं भी उपलब्ध नहीं हैं। इन समस्याओं के समाधान के लिए मजदूरों को संगठित होकर संघर्ष करना होगा।
उन्होंने केंद्र सरकार द्वारा लागू किए गए चार लेबर कोड बिलों पर भी चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि इन नए श्रम कानूनों से मजदूर वर्ग के सामने कई नई चुनौतियां खड़ी होंगी। निजीकरण की बढ़ती प्रवृत्ति, ठेका प्रथा का विस्तार और रोजगार की असुरक्षा जैसे मुद्दे आने वाले समय में श्रमिकों के लिए गंभीर संकट पैदा कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि मजदूरों के अधिकारों की रक्षा और सम्मानजनक रोजगार के लिए पूरे प्रदेश में व्यापक जनसंघर्ष की आवश्यकता है।
सम्मेलन के दौरान एसकेएमएस (एटक) के अध्यक्ष एवं महासचिव द्वारा संघर्ष फंड के रूप में ₹1,00,000 (एक लाख रुपये) का चेक एटक की राष्ट्रीय महासचिव अमरजीत कौर को औपचारिक रूप से सौंपा गया। इस सहयोग को मजदूर आंदोलन को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल बताया गया।
सम्मेलन में प्रदेश के विभिन्न जिलों से आए प्रतिनिधियों ने श्रमिकों की समस्याओं, संगठन विस्तार और आगामी आंदोलनों की रणनीति पर विस्तार से चर्चा की। कार्यक्रम का समापन मजदूर एकता और अधिकारों की रक्षा के लिए संयुक्त संघर्ष के संकल्प के साथ हुआ।















