रिपोर्टर – शशिधर अग्रवाल
अनूपपुर।
पिछले लगभग 75 दिनों से अनूपपुर जिले के जंगलों और ग्रामीण इलाकों में तीन हाथियों का समूह लगातार विचरण कर रहा है, जिससे ग्रामीणों की रातों की नींद उड़ गई है। हाथियों के अचानक गांवों में पहुंचने के डर से कई गांवों के लोग रात-रात भर जागकर पहरा देने को मजबूर हैं। हाथी देर रात खेतों और घरों के आसपास पहुंचकर फसलों को नुकसान पहुंचा रहे हैं।
इस बीच जैतहरी और कोतमा क्षेत्र में पांच दिनों तक घूमने वाला चौथा हाथी शुक्रवार सुबह छत्तीसगढ़ के मनेन्द्रगढ़ होते हुए खड़गवां वन परिक्षेत्र के जंगल में वापस लौट गया। वहीं तीन हाथियों का समूह अभी भी अनूपपुर और जैतहरी वन परिक्षेत्र के जंगलों में डेरा डाले हुए है।
पिछले कुछ दिनों में कुसुमहाई, पालाडोल और कुकुरगोंड़ा पंचायत के सरईहा टोला में हाथियों ने खेतों में लगी गेहूं, चना सहित अन्य फसलों को नुकसान पहुंचाया। शनिवार तड़के हाथियों के गांव में पहुंचने पर ग्रामीणों ने शोर मचाकर उन्हें जंगल की ओर खदेड़ा। वन विभाग की गश्ती टीम लगातार निगरानी कर ग्रामीणों को सतर्क रहने की सलाह दे रही है।















