आगर-मालवा में शुरू होगा उद्योगों का स्वर्ण युग, मेक्केन की मेगा यूनिट से बदल जाएगी क्षेत्र की तस्वीर
औद्योगिक विकास में जिले की बड़ी छलांग, किसानों को पक्का बाजार, युवाओं को घर के पास रोजगार, कोल्ड स्टोरेज से लेकर नए स्टार्टअप तक के खुलेंगे रास्ते
आगर-मालवा,/आगर मालवा जिले के लिए यह ऐतिहासिक क्षण है। फेस–3 औद्योगिक क्षेत्र में कनाडा की विश्वस्तरीय कंपनी मेक्केन अपनी विशाल यूनिट स्थापित करने जा रही है। आलू से फिंगर चिप्स और वेफर्स बनाने वाली यह कंपनी अपने उच्च गुणवत्ता वाले उत्पादों के लिए दुनिया भर में मशहूर है। कंपनी 3800 करोड़ रुपये का निवेश करने जा रही है, जिससे जिले के लगभग 2000 युवाओं को रोजगार मिलने का रास्ता खुलेगा। यह रोजगार जिले के ही युवाओं को, घर के पास ही उपलब्ध होगा, यही इसकी सबसे बड़ी उपलब्धि है।
कलेक्टर श्रीमती प्रीति यादव और जिला पंचायत सीईओ श्रीमती नंदा भलावे कुशरे के मार्गदर्शन में जिला पंचायत सभाकक्ष में “एक गांव–एक उद्योग” विषय पर कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यशाला का उद्देश्य किसानों, युवाओं और उद्यमियों को कृषि आधारित उद्योगों, फूड प्रोसेसिंग, एमएसएमई और बड़े उद्योगों से जुड़ी संभावनाओं की जानकारी देना था। ताकि हर गांव में कम से कम एक उद्योग लगाया जाए।
कलेक्टर श्रीमती यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री का लक्ष्य है कि वर्ष 2047 तक भारत विकसित राष्ट्र बने और उसी दिशा में आगर मालवा भी तेजी से आगे बढ़ रहा है। इसके लिए सरकारी प्रयासों के साथ-साथ स्थानीय लोगों की भागीदारी और संकल्प भी जरूरी है। आने वाले समय में आगर मालवा प्रदेश का एक विकसित और औद्योगिक तौर पर समृद्ध जिला बनकर उभरेगा।
औद्योगिक प्रगति की दिशा में बड़ा कदम
एमपीआईडीसी के कार्यकारी निदेशक श्री राजेश राठौड़ ने बताया कि आगर-मालवा औद्योगिक विकास के तीसरे फेज में प्रवेश कर चुका है और मेक्केन जैसी विश्वस्तरीय कंपनी का आना इस जिले की आर्थिक तस्वीर बदलने वाला कदम है। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में मशीन संचालन, पैकेजिंग, लैब टेस्टिंग और क्वालिटी कंट्रोल जैसे तकनीकी कार्य बढ़ेंगे। इसलिए युवाओं को अभी से अपनी स्किल बढ़ाने की जरूरत है। श्री राठौड़ ने जमीन के मूल्य और उसकी उपयोगिता पर भी विस्तार से बात की। उन्होंने कहा कि जब उद्योग आते हैं तो जमीन की कनेक्टिविटी और उसकी उपयोगिता खुद-ब-खुद बढ़ जाती है। इसका सीधा लाभ किसानों और जमीन मालिकों को मिलता है।
किसानों के लिए सुनहरा अवसर: 100 गुना बढ़ेगी आलू की मांग
श्री राठौड़ ने बताया कि आगर मालवा और आसपास के क्षेत्र में आलू की खेती काफी होती है, लेकिन किसानों को अक्सर उचित दाम नहीं मिल पाते। मेक्केन इंडस्ट्री के आने से यह स्थिति पूरी तरह बदल जाएगी। अभी जितना आलू जिले में पैदा होता है, कंपनी को उससे 100 गुना अधिक की जरूरत पड़ेगी। इससे आगर मालवा फूड प्रोसेसिंग हब के रूप में तेजी से उभरेगा।
मेक्केन की प्रतिनिधि झीलम घोषाल ने बताया कि कंपनी ने भारत में पहली फैक्ट्री 2004 में गुजरात में लगाई थी और अब 21 साल बाद दूसरी फैक्ट्री के लिए आगर मालवा को चुना है। शुरूआती तीन साल कंपनी हर साल 60–70 हजार टन आलू खरीदेगी, और भविष्य में यह मांग 2 से 2.5 लाख टन तक बढ़ जाएगी।
कंपनी खुद ही किसानों को खास किस्म का बीज देगी और आधुनिक तरीके से खेती करना भी सिखाएगी। इससे किसानों को फसल का पक्का बाजार मिलेगा और खेती एक लाभ का धंधा साबित होगी। जो किसान कंपनी की खेती पद्धति देखना चाहें, वे नलखेड़ा के पास चल रही खेती का निरीक्षण कर सकते हैं।
स्थानीय अर्थव्यवस्था को मिलेगी नई रफ्तार
कंपनी के आने से सिर्फ आलू की बिक्री नहीं बढ़ेगी, बल्कि गांवों में कई नए रोजगार और सेवाओं की जरूरत भी पैदा होगी, जैसे कोल्ड स्टोरेज, परिवहन, पैकेजिंग, वजन कांटे, प्राथमिक संग्रह केंद्र और मशीन-आधारित छोटे उद्योग। इससे “एक गांव–एक उद्योग” की परिकल्पना को सीधा प्रोत्साहन मिलेगा। युवाओं को बाहर काम की तलाश में जाने की जरूरत नहीं होगी और गांव की अर्थव्यवस्था मजबूत होगी।
किसानों को विशेषज्ञों का मिला मार्गदर्शन
कार्यशाला में कृषि मंडी बोर्ड भोपाल की उप संचालक डॉ. पूजा सिंह, एस डी एम मिलिंद ढोके कृषि महाविद्यालय झालावाड़ के डॉ. निर्मल मीणा, जिला व्यापार एवं उद्योग केंद्र के महाप्रबंधक श्री नवीन शुक्ला, रैम्प कंसल्टेंट डॉ. अजय दुबे, अग्रणी बैंक प्रबंधक श्रीकांत सक्सेना, पशु चिकित्सक डॉ. अंकित जैन, सहायक कृषि यंत्री श्री अशुल बरोड और रोजगार कार्यालय के शसंजीव पाटिल ने योजनाओं, अनुदानों, मशीनरी, बैंकिंग और उद्योग स्थापना से जुड़ी विस्तृत जानकारी दी। इस मौके पर विभागों द्वारा प्रदर्शनी लगाई गई और “एक गांव–एक उद्योग” विषयक बुकलेट का प्रकाशन भी किया गया। कार्यशाला में जिला पंचायत अध्यक्ष मुन्नाबाई भेरूलाल, उद्यमी, किसान नेता और क्षेत्र के सैकड़ों किसान मौजूद रहे।

















