खरीदी केंद्र बिरौडी का मामला
रोहित शर्मा की रिपोर्ट
बिरौडी
बिरौडी धान खरीदी केंद्र में गंभीर अव्यवस्था सामने आ रही है यहां अब तक करीब 15 हजार क्विंटल धान की खरीदी हो चुकी है, लेकिन इसमें से केवल लगभग 3 हजार क्विंटल धान का ही उठाव हो पाया है। शेष हजारों क्विंटल धान खुले आसमान के नीचे पड़ा हुआ है, जिससे किसानों की चिंता लगातार बढ़ती जा रही है
किसानों का कहना है कि धान की तुलाई और खरीदी तो समय पर कर ली गई, लेकिन उसके बाद परिवहन व्यवस्था पूरी तरह ठप नजर आ रही है। ट्रकों और अन्य परिवहन साधनों की कमी के कारण धान को गोदामों तक नहीं पहुंचाया जा रहा है। नतीजतन खरीदी केंद्र परिसर में बोरियों में भरा धान लंबे समय से जमा है
खुले में रखे धान पर बारिश, ओस और नमी का खतरा बना हुआ है। किसानों ने बताया कि खरीदी केंद्र में न तो पर्याप्त तिरपाल उपलब्ध है और न ही सुरक्षित शेड की कोई व्यवस्था की गई है। कई स्थानों पर धान की बोरियां सीधे जमीन पर रखी गई हैं, जिससे नमी लगने की आशंका और बढ़ गई है।
किसानों का आरोप है कि इस समस्या को लेकर वे कई बार परिवहन एजेंसी और संबंधित अधिकारियों को अवगत करा चुके हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। रोजाना किसान खरीदी केंद्र के चक्कर लगाने को मजबूर हैं और उन्हें केवल आश्वासन ही मिल रहा है।
किसानों ने चेतावनी दी है कि यदि समय रहते धान का उठाव नहीं कराया गया और धान खराब हुआ, तो इसका सीधा आर्थिक नुकसान किसानों को ही उठाना पड़ेगा। उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि तत्काल परिवहन व्यवस्था सुचारू कर धान को सुरक्षित स्थानों पर भिजवाया जाए।


















