सीसीएल सीएमडी एन.के. सिंह के साथ एटक नेता कामरेड हरिद्वार सिंह की अहम बैठक
रांची/दरभंगा हाउस
कोयला उद्योग के भविष्य, उत्पादन लक्ष्य, बढ़ती औद्योगिक दुर्घटनाएं तथा नए चार लेबर कोड के श्रमिकों एवं उद्योग पर पड़ने वाले प्रभावों को लेकर शुक्रवार 12 दिसंबर को दरभंगा हाउस में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में सीसीएल के सीएमडी श्री एन.के. सिंह के साथ एटक के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष एवं स्टैंडराइजेशन कमेटी के वैकल्पिक सदस्य कामरेड हरिद्वार सिंह ने विस्तृत और गंभीर चर्चा की
बैठक के दौरान कामरेड हरिद्वार सिंह ने कहा कि कोयला उद्योग देश की ऊर्जा सुरक्षा की रीढ़ है, लेकिन मौजूदा दौर में उत्पादन के साथ-साथ श्रमिकों की सुरक्षा और अधिकारों की अनदेखी गंभीर चिंता का विषय बनती जा रही है। उन्होंने बढ़ती दुर्घटनाओं पर चिंता जताते हुए कहा कि सुरक्षा मानकों का सख्ती से पालन और आधुनिक तकनीक का सही उपयोग ही इसका समाधान है
चार नए लेबर कोड पर चर्चा करते हुए एटक नेता ने कहा कि इन कानूनों का मजदूरों के सामाजिक सुरक्षा, रोजगार स्थिरता और कार्य परिस्थितियों पर दूरगामी प्रभाव पड़ेगा। उन्होंने प्रबंधन से आग्रह किया कि लेबर कोड लागू करते समय श्रमिक संगठनों से संवाद बनाए रखा जाए, ताकि मजदूर हितों की रक्षा सुनिश्चित हो सके
सीसीएल सीएमडी श्री एन.के. सिंह ने भी उद्योग की वर्तमान चुनौतियों और भविष्य की योजनाओं पर प्रकाश डालते हुए कहा कि उत्पादन बढ़ाने के साथ-साथ सुरक्षा, प्रशिक्षण और तकनीकी उन्नयन को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है। उन्होंने श्रमिक संगठनों के साथ सकारात्मक संवाद बनाए रखने की प्रतिबद्धता जताई
बैठक को कोयला उद्योग में संतुलित विकास, सुरक्षित कार्य वातावरण और श्रमिक–प्रबंधन समन्वय की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा


















